illegal Mining पर मान सरकार का शिकंजा, 5 साल में 1,845 FIR दर्ज
illegal Mining करने वालों पर 28.70 करोड़ रुपये का जुर्माना, 27.33 करोड़ वसूले
चंडीगढ़, 30 अक्टूबर। पंजाब में illegal Mining के खिलाफ भगवंत मान सरकार ने सख्त रुख अपनाते हुए कार्रवाई तेज कर दी है। पिछले पांच वर्षों के दौरान राज्य में illegal Mining के मामलों में कुल 1,845 एफआईआर दर्ज की गई हैं और 3,988 वाहन व मशीनें जब्त की गई हैं। खनन विभाग ने इस दौरान अवैध गतिविधियों पर 28.70 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया, जिसमें से 27.33 करोड़ रुपये की वसूली की जा चुकी है। यह जानकारी पंजाब के खनन एवं भूविज्ञान मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने शुक्रवार को पंजाब भवन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान दी।
गोयल ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली सरकार अवैध खनन के मामले में जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है। खनन विभाग पुलिस के साथ मिलकर अवैध रूप से खनिज निकालने और उसकी ढुलाई करने वालों के खिलाफ लगातार अभियान चला रहा है। उन्होंने कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
2022 में सबसे ज्यादा 735 एफआईआर दर्ज
वर्षवार आंकड़े साझा करते हुए मंत्री ने बताया कि वर्ष 2022 में अवैध खनन के 735 मामले दर्ज किए गए और 802 वाहन व मशीनें जब्त की गईं। इस दौरान 89 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया, जिसमें से 88 लाख रुपये वसूले गए।
वर्ष 2023 में 458 एफआईआर दर्ज हुईं और 987 वाहन-मशीनें जब्त की गईं। विभाग ने 6.64 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया तथा 6.17 करोड़ रुपये की वसूली की। इसी तरह 2024 में 294 एफआईआर दर्ज कर 1,077 वाहन और मशीनें जब्त की गईं। इस साल 9.74 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया और 9.56 करोड़ रुपये वसूले गए।
वर्ष 2025 में 111 एफआईआर दर्ज हुईं और 454 वाहन-मशीनें जब्त की गईं। इस दौरान 2.76 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया, जिसमें से 2.70 करोड़ रुपये वसूले गए। वहीं, वर्ष 2026 में अब तक 247 एफआईआर दर्ज कर 668 वाहन और मशीनें जब्त की गई हैं। इस अवधि में 8.67 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया, जिसमें से 8.02 करोड़ रुपये की वसूली हो चुकी है।
illegal Mining : जुलाई से अक्टूबर के बीच 170 एफआईआर
मंत्री ने बताया कि वर्ष 2026 में जुलाई तक 77 एफआईआर दर्ज की गई थीं और पंजाब माइनर मिनरल रूल्स-2013 के नियम 74 और 75 के तहत 192 चालान किए गए थे। इस अवधि में 2.06 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया और 1.93 करोड़ रुपये वसूले गए।
जुलाई से अक्टूबर के बीच विभाग ने कार्रवाई और तेज करते हुए 170 एफआईआर दर्ज कीं तथा 476 चालान किए। इस दौरान 6.61 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया, जिसमें से 6.17 करोड़ रुपये वसूले गए।
लुधियाना से अमृतसर तक छापेमारी, मशीनें और टिप्पर जब्त
गोयल ने हालिया कार्रवाई का ब्यौरा देते हुए बताया कि 6 अक्टूबर को लुधियाना के सिद्धवां बेट इलाके में रात के समय रेत से भरा बिना नंबर का टिप्पर पकड़ा गया। वाहन को पुलिस के हवाले कर दिया गया और इस मामले में एफआईआर नंबर 283/2026 दर्ज की गई।
7 अक्टूबर को अमृतसर के लोपोके तहसील के गांव कोट सिद्धू में खनन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने छापेमारी की। यहां अवैध रेत खनन में इस्तेमाल की जा रही तीन जेसीबी मशीनों, एक बिना नंबर की खुदाई मशीन और सात टिप्परों की पहचान की गई। इस मामले में भिंडी सैदां थाने में एफआईआर नंबर 160/2026 दर्ज की गई।
11 अक्टूबर को रूपनगर जिले के श्री चमकौर साहिब इलाके में रात के समय कार्रवाई करते हुए अवैध खनन में शामिल पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया। मौके से तीन खुदाई मशीनें और दो टिप्पर भी जब्त किए गए।
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