मौजूदा समय में संकट को देखते हुए केंद्र सरकार ने जारी किए आदेश
नई दिल्ली | 27 मार्च 2026 (The State Headlines)। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने गैर-घरेलू (नॉन-डोमेस्टिक) LPG के आवंटन को बढ़ाकर 70% तक करने का प्रस्ताव दिया है। इस संबंध में मंत्रालय के सचिव डॉ. नीरज मित्तल ने सभी राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों को पत्र जारी कर नई व्यवस्था की जानकारी दी है।
मंत्रालय के अनुसार, वर्तमान में 50% एलपीजी आवंटन लागू है, जिसमें 40% प्री-क्राइसिस कोटा और 10% सुधार आधारित (रिफॉर्म-बेस्ड) कोटा शामिल है। अब इसके अलावा 20% अतिरिक्त आवंटन प्रस्तावित किया गया है, जिससे कुल कमर्शियल एलपीजी आपूर्ति 70% तक पहुंच जाएगी।
किन उद्योगों को मिलेगा फायदा
सरकार ने स्पष्ट किया है कि अतिरिक्त 20% आवंटन का लाभ मुख्य रूप से श्रम-प्रधान उद्योगों को दिया जाएगा। इनमें स्टील, ऑटोमोबाइल, टेक्सटाइल, डाई, केमिकल और प्लास्टिक सेक्टर शामिल हैं। खास तौर पर उन उद्योगों को प्राथमिकता मिलेगी, जहां एलपीजी का उपयोग विशेष हीटिंग प्रक्रियाओं के लिए होता है और जिसे PNG (प्राकृतिक गैस) से बदला नहीं जा सकता।
LPG को लेकर शर्तें और छूट
अतिरिक्त एलपीजी आवंटन पाने के लिए उद्योगों को ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) में रजिस्ट्रेशन और सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन (CGD) के तहत PNG के लिए आवेदन करना होगा। हालांकि, जिन उद्योगों में एलपीजी का विकल्प उपलब्ध नहीं है, उन्हें इन शर्तों से छूट दी जा सकती है।
राज्यों को दिए निर्देश
मंत्रालय ने सभी राज्यों से इस आदेश को संबंधित विभागों तक तुरंत पहुंचाने को कहा है। साथ ही, जिन राज्यों ने अभी तक 10% सुधार आधारित अतिरिक्त कोटा का लाभ नहीं लिया है, उन्हें इसे जल्द अपनाने की सलाह दी गई है।
LPG के अधिक आवंटन से उद्योगों को मिलेगा सहारा
सरकार का मानना है कि इस फैसले से औद्योगिक गतिविधियों को मजबूती मिलेगी, उत्पादन में सुधार होगा और मौजूदा दबाव से उद्योगों को राहत मिलेगी।
