शंभू सीमा पर भव्य स्वागती गेट के निर्माण को मंजूरी
चंडीगढ़, 4 जून (ध्रुव)। पंजाब सरकार ने राज्य की सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत को वैश्विक स्तर पर नई पहचान देने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए Sri Anandpur Sahib हेरिटेज स्ट्रीट प्रोजेक्ट और शंभू सीमा पर भव्य स्वागती गेट के निर्माण को मंजूरी दे दी है। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने पर्यटन एवं सांस्कृतिक मामलों के विभाग की उच्च स्तरीय बैठक में दोनों परियोजनाओं को हरी झंडी दी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि Sri Anandpur Sahib में बनने वाली हेरिटेज स्ट्रीट श्रद्धालुओं और पर्यटकों के आध्यात्मिक तथा सांस्कृतिक अनुभव को और समृद्ध बनाएगी। यह परियोजना किला श्री आनंदगढ़ साहिब, तख्त श्री केसगढ़ साहिब, गुरुद्वारा सीसगंज साहिब और गुरुद्वारा भोरा साहिब जैसे ऐतिहासिक एवं धार्मिक स्थलों को आपस में जोड़ेगी।
सरकार के अनुसार हेरिटेज स्ट्रीट किला आनंदगढ़ साहिब के निकट गोल चौक से शुरू होकर तख्त श्री केसगढ़ साहिब पार्क, गुरुद्वारा सीसगंज साहिब और गुरुद्वारा भोरा साहिब तक विकसित की जाएगी। परियोजना के लिए सभी आवश्यक मंजूरियां भारत सरकार के पर्यटन मंत्रालय और अन्य संबंधित एजेंसियों से प्राप्त की जाएंगी। इसके प्रभावी क्रियान्वयन और निगरानी के लिए एक उच्च-स्तरीय समिति भी गठित की जाएगी।
Sri Anandpur Sahib : शंभू में बनेगा 12 करोड़ रुपये का स्वागती गेट
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने शंभू सीमा पर 12 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले भव्य स्वागती गेट को भी मंजूरी दी। यह गेट राष्ट्रीय राजमार्ग पर पंजाब में प्रवेश करने वाले लोगों का स्वागत करेगा और राज्य की सांस्कृतिक पहचान का प्रतीक बनेगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि इस वास्तुकला आधारित संरचना को पंजाब की ऐतिहासिक विरासत और "पंज-आब" की अवधारणा को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। गेट के दोनों ओर पांच-पांच गुंबद बनाए जाएंगे, जो पंजाब की पांच नदियों का प्रतीक होंगे।
पंजाब की संस्कृति की झलक दिखाएगा गेट
स्वागती गेट में पत्थर की क्लैडिंग, एफआरपी वर्क, पारंपरिक जाली डिजाइन और फुलकारी कला से प्रेरित सजावट शामिल होगी। सरकार का मानना है कि यह संरचना पंजाब की कला, संस्कृति और परंपराओं को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदर्शित करेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह परियोजनाएं न केवल धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देंगी बल्कि पंजाब की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहर को भी संरक्षित करेंगी। बैठक में कैबिनेट मंत्री हरजोत सिंह बैंस, तरुनप्रीत सिंह सौंद और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।
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