नई दिल्ली, 1 अगस्त (ध्रुव)। Arvind Kejriwal ने दिल्ली के कांस्टीट्यूशन क्लब में आयोजित National Townhall Against E-20 को संबोधित करते हुए केंद्र सरकार पर E 20 Petrol को लेकर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सरकार को पेट्रोल पंपों पर लोगों को E 20 Petrol और Pure Petrol में से विकल्प देना चाहिए। साथ ही ई-20 को शुद्ध पेट्रोल से सस्ता करने और पेट्रोल की कीमत 84 रुपये प्रति लीटर से कम करने की मांग की।
केजरीवाल ने कहा कि सरकार को ई-20 पर अपनी रिपोर्ट और वैज्ञानिक अध्ययन सार्वजनिक करना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि देशभर में बड़ी संख्या में वाहन मालिक ई-20 से माइलेज और इंजन संबंधी समस्याओं की शिकायत कर रहे हैं।
E-20 पर केजरीवाल बोले- जनता को विकल्प मिलना चाहिए
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि सरकार यदि ई-20 को सही मानती है तो लोगों को इसे खरीदने या शुद्ध पेट्रोल लेने का विकल्प दिया जाना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि ई-20 के कारण पुराने वाहनों के मालिकों को परेशानी हो रही है।
उन्होंने कहा कि पेट्रोल पंपों पर Pure Petrol vs E-20 Petrol का विकल्प उपलब्ध होना चाहिए और ई-20 की कीमत शुद्ध पेट्रोल से कम होनी चाहिए। केजरीवाल ने लोगों से पेट्रोल-डीजल वाहनों की खरीद को लेकर भी सावधानी बरतने की अपील की और कहा कि जब तक ई-100 के लिए उपयुक्त वाहन उपलब्ध नहीं होते, तब तक वाहन खरीदने से पहले उपभोक्ताओं को पूरी जानकारी हासिल करनी चाहिए।
ई-20 से माइलेज और इंजन पर असर का दावा
टाउनहॉल में ई-20 पेट्रोल से जुड़े अपने अनुभव साझा करते हुए कई लोगों ने वाहन की माइलेज, इंजन और फ्यूल सिस्टम में समस्याओं का दावा किया। केजरीवाल ने एक सर्वे का हवाला देते हुए कहा कि बड़ी संख्या में वाहन मालिकों ने माइलेज कम होने और इंजन संबंधी परेशानी की शिकायत की है।
उन्होंने केंद्र सरकार से सवाल किया कि यदि E-20 Fuel को लेकर वैज्ञानिक और तकनीकी अध्ययन किए गए हैं तो उनकी रिपोर्ट सार्वजनिक क्यों नहीं की जा रही। उन्होंने कहा कि सरकार को आंकड़ों और वैज्ञानिक तथ्यों के आधार पर देश के सामने स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।
पुराने वाहनों में E-20 को लेकर चिंता
टाउनहॉल में मैकेनिक आमिर खान ने दावा किया कि E-20 Petrol के इस्तेमाल से पुरानी BS3 और BS4 गाड़ियों में कार्बोरेटर संबंधी समस्याएं बढ़ रही हैं। उनके मुताबिक लंबे समय तक वाहन खड़ा रहने पर ईंधन प्रणाली में गाद और अन्य जमाव की समस्या देखने को मिल सकती है।
उन्होंने यह भी दावा किया कि कुछ BS6 वाहनों में ई-20 के इस्तेमाल के बाद माइलेज और पिकअप में कमी की शिकायतें सामने आती हैं। हालांकि, ये दावे कार्यक्रम में शामिल वक्ताओं और वाहन उपयोगकर्ताओं के अनुभवों पर आधारित हैं।
ई-20 और Ethanol पर सरकार से रिपोर्ट सार्वजनिक करने की मांग
केजरीवाल ने केंद्र सरकार से Ethanol Blending और ई-20 नीति पर सार्वजनिक बहस की मांग की। उन्होंने दावा किया कि इथेनॉल के उत्पादन में पानी और कृषि संसाधनों के इस्तेमाल को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं।
टाउनहॉल में पर्यावरण विशेषज्ञ डॉ. अनुपम सैनी ने इथेनॉल उत्पादन के पर्यावरणीय प्रभावों पर चिंता जताई। उन्होंने पानी की खपत, कार्बन फुटप्रिंट और ऊर्जा दक्षता से जुड़े मुद्दे उठाए। केजरीवाल ने कहा कि सरकार को ई-20 के फायदे और नुकसान पर स्वतंत्र वैज्ञानिक अध्ययन देश के सामने रखना चाहिए।
7 लाख से ज्यादा लोगों ने ऑनलाइन देखा E-20 Townhall
आम आदमी पार्टी के अनुसार, दिल्ली में आयोजित इस E-20 Townhall को ऑनलाइन बड़ी संख्या में लोगों ने देखा। कार्यक्रम में कॉमेडियन श्याम रंगीला ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मिमिक्री भी की। टाउनहॉल में युवाओं और वाहन उपयोगकर्ताओं ने ई-20 से जुड़े अपने अनुभव साझा किए।
केजरीवाल ने कहा कि सरकार को ई-20 के मुद्दे पर जनता की चिंताओं को गंभीरता से लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं को ईंधन चुनने की स्वतंत्रता मिलनी चाहिए और सरकार को ई-20 नीति से जुड़े सभी वैज्ञानिक और आर्थिक तथ्यों को पारदर्शी तरीके से सार्वजनिक करना चाहिए।
यह भी पढ़े :- Harjot Bains बोले पंजाब की शिक्षा व्यवस्था को बदनाम नहीं होने देंगे