बोले - पंजाब से सीखे भाजपा सरकार, बिना शर्त सभी महिलाओं को दे लाभ
नई दिल्ली, 3 अगस्त (ध्रुव)। आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने Delhi Lakshmi Yojana को लेकर भाजपा सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार को पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार से सीखना चाहिए और महिलाओं को बिना किसी भेदभाव के योजना का लाभ देना चाहिए।
केजरीवाल ने आरोप लगाया कि Delhi Lakshmi Yojana में 10 साल से दिल्ली में रहने का प्रमाण और सांसद या विधायक की मंजूरी जैसी शर्तें लगाई गई हैं। उनके मुताबिक इन शर्तों के कारण बहुत कम महिलाओं को योजना का लाभ मिल पाएगा। उन्होंने कहा कि यदि सरकार की नीयत साफ होती तो इतनी कठिन शर्तें नहीं लगाई जातीं और दिल्ली की सभी पात्र महिलाओं को योजना का लाभ दिया जाता।
पंजाब में एक परिवार की सभी महिलाओं को लाभ का दावा
अरविंद केजरीवाल ने पंजाब की 'मावां-धीयां सतिकार योजना' का उदाहरण देते हुए कहा कि आम आदमी पार्टी की सरकार ने महिलाओं के लिए कोई ऐसी शर्त नहीं लगाई है। उन्होंने दावा किया कि यदि किसी परिवार में चार महिलाएं हैं तो चारों को योजना का लाभ मिल रहा है।
केजरीवाल ने कहा कि पंजाब में योजना का लाभ देते समय अमीर-गरीब या जाति के आधार पर भेदभाव नहीं किया गया। उन्होंने भाजपा सरकार से सवाल किया कि अगर उसकी नीयत महिलाओं को आर्थिक सहायता देने की है तो फिर दिल्ली में इतनी शर्तें क्यों लगाई जा रही हैं।
10 साल के निवास और MP-MLA की मंजूरी पर सवाल
दिल्ली की लक्ष्मी योजना में कथित तौर पर 10 साल से दिल्ली में रहने का प्रमाण और सांसद-विधायक की मंजूरी की शर्त को लेकर केजरीवाल ने भाजपा सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि ऐसी शर्तों से योजना का लाभ सीमित संख्या में महिलाओं तक ही पहुंच पाएगा।
केजरीवाल ने दावा किया कि इन शर्तों के कारण दिल्ली की 10 प्रतिशत महिलाओं को भी योजना का लाभ नहीं मिल पाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार को महिलाओं की मदद करने के लिए योजना को सरल बनाना चाहिए, न कि ऐसी शर्तें लगानी चाहिए जिनसे लाभार्थियों की संख्या सीमित हो जाए।
Delhi Lakshmi Yojana : 'सिर्फ भाजपा के लोगों को लाभ देना चाहते हैं'
केजरीवाल ने आरोप लगाया कि सांसद और विधायक की मंजूरी को अनिवार्य करने का मतलब यह है कि सरकार योजना का लाभ केवल अपने समर्थकों तक सीमित रखना चाहती है। उन्होंने कहा कि किसी भी कल्याणकारी योजना का लाभ राजनीतिक पहचान के आधार पर नहीं दिया जाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि दिल्ली की महिलाओं को किसी राजनीतिक दल से जुड़े होने के आधार पर नहीं, बल्कि जरूरत और पात्रता के आधार पर योजना का लाभ मिलना चाहिए। केजरीवाल ने भाजपा सरकार की नीयत पर सवाल उठाते हुए कहा कि अगर सरकार वास्तव में महिलाओं को आर्थिक सहायता देना चाहती है तो उसे सभी अनावश्यक शर्तें हटानी चाहिए।
पंजाब मॉडल अपनाने की केजरीवाल की अपील
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पंजाब में आम आदमी पार्टी की सरकार महिलाओं को योजना का लाभ देने में किसी तरह का भेदभाव नहीं कर रही है। उन्होंने भाजपा सरकार से पंजाब मॉडल अपनाने और दिल्ली की महिलाओं के लिए योजना को बिना कठिन शर्तों के लागू करने की अपील की।
उन्होंने कहा कि एक घर में अगर चार महिलाएं पात्र हैं तो चारों को लाभ मिलना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि महिलाओं को आर्थिक सहायता देने वाली योजनाओं का उद्देश्य राजनीतिक लाभ नहीं, बल्कि परिवारों को आर्थिक रूप से मजबूत करना होना चाहिए।
Delhi Lakshmi Yojana को लेकर सियासी बहस तेज
केजरीवाल के बयान के बाद दिल्ली की लक्ष्मी योजना को लेकर राजनीतिक बहस तेज होने के आसार हैं। आम आदमी पार्टी जहां योजना में लगाई गई शर्तों को लेकर भाजपा सरकार पर सवाल उठा रही है, वहीं केजरीवाल ने पंजाब की 'मावां-धीयां सतिकार योजना' को इसका उदाहरण बताया।
केजरीवाल ने कहा कि अगर दिल्ली सरकार की नीयत साफ है तो उसे पंजाब की तरह महिलाओं को लाभ देने के लिए योजना को सरल बनाना चाहिए। उन्होंने दोहराया कि महिलाओं को आर्थिक सहायता देने वाली किसी भी योजना में अनावश्यक शर्तें नहीं होनी चाहिए और अधिक से अधिक महिलाओं को इसका लाभ मिलना चाहिए।
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